rashtrya ujala

Saturday, October 10, 2009

महिलाएँ ऐसे करें अपनी सुरक्षा

रजनी त्यागी
दिन हो
या रात, घर में हो या रास्ते में आज के समय में आपको अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की आवश्यकता है। चोर और लुटेरों की नजर आप पर, कहीं भी हो सकती है। उन्हें बस मौका मिलने की देर है। फिर वे आपका कीमती सामान और पैसा लेकर गायब हो सकते हैं।

चाहे मंदिर जा रही हों, बाजार में हों या किसी विवाह समारोह में, महिलाओं के गले से चेन खींचने की घटनाएँ तो आजकल आम हो गई हैं। ऐसे समय में यदि आप कुछ बिंदुओं पर यदि सावधानी रखें तो अपनी सुरक्षा को लेकर आश्वस्त हो सकती हैं। आइए जानें क्या हैं ये सावधानियाँ।
रात के समय सुनसान रास्तों में अकेली ना जाएँ। चाहे आप कितनी ही आत्मविश्वासी हों या हिम्मती हों, आपातकाल के अलावा अकेली जाने से बचें। आपातकाल में भी कोशिश करें कि आप साथ में किसी को ले लें। न तो शॉर्ट कट के चक्कर में, न ही इस भुलावे में कि ये तो रोज का रास्ता है, सुनसान रास्ते का चयन करें। किसी अजनबी व्यक्ति से लिफ्ट न लें और न ही दें। खासतौर पर चार पहिया वाहन चालक से लिफ्ट लेने से बचें। यदि आपके पास वाहन नहीं है तो कोई भी सार्वजनिक परिवहन सुविधा ही सबसे बेहतर उपाय है। यदि ऑटो या टैक्सी करने की जरूरत पड़े तो भी थोड़ी सजग रहें। जहाँ तक बात लिफ्ट देने की है, चाहे महिला हों या पुरुष, लिफ्ट देने से बचें।
अधिक कीमती जेवरात पहनकर घर से बाहर ना जाएँ। सामान्य जेवर जैसे मंगलसूत्र, चेन आदि पहनकर भी यदि बाहर जाएँ तो उन्हें साड़ी के पल्लू या दुपट्टे से छुपाकर रखें। इसी तरह घर में भी ज्यादा जेवर न रखें, उनके लिए बैंक का लॉकर सबसे सुरक्षित जगह है। किसी भी अवसर पर सफर में भी ज्यादा जेवर साथ न रखें। अगर रखें हैं भी तो उनका बखान न करें और सतर्कता रखें। यदि बैग लिए हैं तो उसे कंधे पर लटकाकर रखें, हाथ में झुलाकर न चलें। इससे आपके दोनों हाथ भी स्वतंत्र रहेंगे। कार्यालय से संभव हो सके तो रात होने के पहले ही निकल जाएँ। यदि किसी जरूरी मीटिंग में देर हो भी गई हो तो समूह में ही एक साथ घर के लिए निकलें। वैसे आजकल लेट अवर्स में काम करने वालों को ऑफिस द्वारा घर तक छुड़वाने की व्यवस्था भी होती है। आभूषणों की सफाई सुनार के पास ही करवाएँ, बजाय घर पर आए किसी अजनबी से करवाने के। बैंक या किसी अन्य समय किसी अजनबी व्यक्ति को नोट गिनने को न दें। बैंक जाते समय इस बात का ढिंढोरा नहीं पीटें। न ही बैंक में किसी अजनबी को नोट गिनने के लिए दें। इस काम में बैंककर्मी आपकी सहायता कर सकते हैं। बुजुर्ग अपने साथ बैंक जाते समय किसी को जरूर रखें। यदि आपको ऐसा लगता है कि रास्ते में कोई आपकी गाड़ी का पीछा कर रहा है तो आगे ना जाएँ, कहीं रुक जाएँ और किसी पर आपको संदेह हो तो मदद लेने से नहीं हिचकें।सफर में किसी से ज्यादा प्रगाढ़ मित्रता न करें न ही हर अजनबी द्वारा दी गई चीज़ खाएँ।

1 comment:

निर्मला कपिला said...

इस परामर्श के लिये आभार्